सिर्फ आपकी ही नहीं, अगली पीढ़ियों की सेहत के लिए भी नुकसानदायक है धूम्रपान की आदत,

World No-Tobacco Day 2022: हम क्या खाते-पीते हैं, किस तरह से जीवन व्यतीत करते हैं, इनका सीधा असर हमारे स्वास्थ्य पर देखा जा सकता है। पर क्या आप जानते हैं कि हमारी कुछ गलत आदतें आने वाली पीढ़ियों की सेहत के लिए भी काफी चुनौतीपूर्ण समस्याओं का कारण बन सकती हैं करने वाले लोगों में न सिर्फ फेफड़ों और हृदय से संबंधित समस्याओं का जोखिम अधिक होता है,इसी खतरे को देखते हुए लोगों के बीच जागरूकता बढ़ाने के लिए हर साल 31 मई को ‘वर्ल्ड नो टोबैको डे’ मनाया जाता है।धम्रपान करने वालों के साथ-साथ उसके धुएं के संपर्क में आने वाले लोगों में भी कई तरह की स्वास्थ्य समस्याओं का खतरा हो सकता है। विशेषकर नवजात बच्चों के इस खतरनाक धुएं के अधिक संपर्क में आने के कारण मौत तक का जोखिम भी बढ़ सकता है। साल 2014 के एक अध्ययन में वैज्ञानिकों ने पाया कि जिन बच्चों के माता-पिता अधिक धूम्रपान करते हैं, उन बच्चों में बॉडी मास इंडेक्स (बीएमआई) अधिक होने का खतरा हो सकता है। बच्चों में बढ़ी हुई बीएमआई को कई तरह की गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं जैसे हृदय रोग, फेफड़ों की समस्या और डायबिटीज का कारक माना जाता है। वैज्ञानिकों ने पाया कि कुछ परिवारों में इसके दुष्प्रभाव, तीन पीढ़ियों तक भी देखे जा सकते हैं। वैज्ञानिकों ने पाया कि धूम्रपान के कारण होने वाले दुष्प्रभावों के साथ धूम्रपान की आदत भी पीढ़ियों तक ट्रांसफर हो सकती हैं। धूम्रपान करने वाले लोगो में कैंसर , हृदय रोग ,स्ट्रोक ,फेफड़े के रोग ,मधुमेह और क्रॉनिक ऑब्सट्रक्टिव पल्मोनरी डिजीज (COPD) होने का जोखिम काफी अधिक देखा गया है।